आकाश गहरा और नीला है। तारे छोटी घंटियों की तरह टिमटिमाते हैं। एक छोटा जादूगर धीरे से चलता है। उसका नाम पिप है। वह एक छोटी टोपी पहनता है और एक नीली छड़ी (वैंड) रखता है। यह सोने का समय है।
चाँद पर मिमी बिल्ली बैठी है। वह पुर्र करती है, चांदी और नरम। पिप मुस्कुराता है, फिर अपनी छड़ी थपथपाता है: टैप, टैप, टैप। वह एक दयालु मंत्र फुसफुसाता है: "धीमी चमक, धीमी चमक।" चांदनी कोमल हो जाती है। मिमी एक अल्पविराम (कोमा) की तरह मुड़ती है और सो जाती है।
एक तारा बनी (खरगोश), बू, उछलता है। बू चमकता है और खिलखिलाता है, लेकिन एक बढ़ती नींद बू को खींचती है। पिप अपनी छड़ी थपथपाता है: टैप, टैप, टैप। "चुप रहो अब, छोटे तारे।" उछाल एक झूला बन जाता है। बू एक पंख की तरह बहता है और सो जाता है।
एक बड़ी, फूली हुई, सफेद बादल व्हेल तैरती है। यह एक शांत वू गाती है। पिप नरम बादल को सहलाता है, फिर अपनी छड़ी थपथपाता है: टैप, टैप, टैप। "कंबल, कंबल, आरामदायक रात।" बादल एक कंबल बन जाता है। व्हेल जम्हाई लेती है और सो जाती है।
हवा धीमी है। दुनिया स्थिर है। पिप शांत, दयालु आकाश को चारों ओर देखता है। वह अपने लबादे में दुबक जाता है और रात को फुसफुसाता है: "शुभ रात्रि, चाँद। शुभ रात्रि, तारे। शुभ रात्रि, दोस्तों। शुभ रात्रि, तुम्हें।" पिप मुस्कुराता है। तारे झपकाते हैं। रात वापस फुसफुसाती है: "सो जाओ, छोटे जादूगर।" और पिप सो जाता है।
समाप्त
























